Friday, May 8, 2026

ई-वे बिल क्या है? – E-Way Bill बनाने की पूरी प्रक्रिया (2025 अपडेट)

 ई-वे बिल (E-Way Bill) क्या है? – पूरी जानकारी

ई-वे बिल एक इलेक्ट्रॉनिक दस्तावेज़ है जो माल के एक स्थान से दूसरे स्थान पर परिवहन के लिए अनिवार्य होता है। यह GST प्रणाली का हिस्सा है और इसके बिना माल की ढुलाई पर जुर्माना लग सकता है।


ई-वे बिल कब आवश्यक होता है?

- जब माल का मूल्य ₹50,000 से अधिक हो (एक इनवॉइस में या एक साथ भेजे जाने पर)

- अंतर-राज्यीय (interstate) और अंतर-राज्य (intrastate) दोनों प्रकार की ढुलाई के लिए

- सेवाओं के मामले में नहीं, केवल माल (goods) के लिए


ई-वे बिल कैसे बनाएँ?

आप निम्न विधियों से ई-वे बिल जनरेट कर सकते हैं:

1. ई-वे बिल पोर्टल (https://ewaybillgst.gov.in) पर लॉगिन करें

2. SMS से – "EWB" भेजकर (पंजीकृत मोबाइल से)

3. एंड्रॉइड / iOS ऐप के माध्यम से

4. GST सॉफ्टवेयर (Tally, ClearTax) से API के जरिए


बनाने के लिए जरूरी जानकारी:

- GSTIN (भेजने वाले और प्राप्त करने वाले का)

- इनवॉइस नंबर और तारीख

- माल का HSN कोड और विवरण

- वाहन नंबर (ट्रांसपोर्टर या खुद के वाहन का)

- वैल्यू (कुल मूल्य)


ई-वे बिल की वैधता (कितने दिन में ढुलाई पूरी करनी है):

दूरी के अनुसार – हर 100 किमी के लिए 1 दिन (जैसे 300 किमी के लिए 3 दिन)


जुर्माना (Penalty):

बिना ई-वे बिल के माल मिलने पर – ₹10,000 या टैक्स की राशि (जो भी अधिक हो)


नोट: चेकपोस्ट पर ई-वे बिल की जाँच की जाती है। डिजिटल हस्ताक्षर आवश्यक नहीं है, जनरेट होते ही मान्य हो जाता है।


ताजा अपडेट: 2025 में ₹50,000 से कम माल के लिए भी कुछ राज्यों में ई-वे बिल लेना अनिवार्य किया गया है – अपने राज्य के नियम जांच लें।

No comments:

Post a Comment

GST में मई 2026 के बड़े बदलाव: नई दरें, नियम और करदाताओं के लिए जरूरी अपडेट्स

  GST में मई 2026 के बड़े बदलाव: नई दरें, नियम और करदाताओं के लिए जरूरी अपडेट्स नई दिल्ली। मई 2026 में GST (वस्तु एवं सेवा कर) को लेकर कई ब...